ववाह वाह यारहिंदी में जानकारी · पूरे भारत के लिए
मेनू
WhatsApp चैनल
17 Oct 2026 · awaraalfaz · 1 मिनट का पाठ
रूमी: अपनी मोमबत्ती से दूसरी मोमबत्ती जलाने से उ
चित्र: CC BY 4.0 — Vyacheslav Argenberg · Wikimedia Commons

अपनी मोमबत्ती से दूसरी मोमबत्ती जलाने से उसकी

रोशनी कम नहीं होती, बल्कि और बढ़ती है।

— रूमी

महान सूफी संत और कवि रूमी का यह कथन ज्ञान, प्रेम और करुणा के निस्वार्थ प्रसार का प्रतीक है। रूमी का मिजाज मूलतः सूफीवाद, मानवीय एकता और सर्वसमावेशी प्रेम से रचा-बसा है, जहाँ भेद-भाव के लिए कोई स्थान नहीं है। यह पंक्ति बहुत सरलता से यह गहरा दर्शन देती है कि विद्या, खुशी या सद्भाव बाँटने से व्यक्ति का अपना सामर्थ्य घटता नहीं, बल्कि संपूर्ण संसार में सकारात्मकता का विस्तार होता है। रूमी की दृष्टि में एक प्रबुद्ध आत्मा का धर्म ही यही है कि वह बिना किसी अहंकार के दूसरों के जीवन से अंधकार मिटाने में सहयोगी बने।

आज की अत्यधिक प्रतिस्पर्धात्मक और व्यक्तिवादी दुनिया में यह विचार अत्यंत प्रासंगिक है। अक्सर लोग असफलता या ईर्ष्या के डर से अपना ज्ञान, अनुभव या संसाधन दूसरों के साथ साझा करने से कतराते हैं। रूमी का यह संदेश हमें सिखाता है कि दूसरों को आगे बढ़ाने और प्रेरित करने से हमारा अपना अस्तित्व कमजोर नहीं होता, बल्कि एक सहयोगी और समृद्ध समाज का निर्माण होता है। आज के संदर्भ में यह विचार हमें संकीर्णता छोड़कर सहकारिता, सहानुभूति और सामूहिक प्रगति के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।

रूमी की चुनी हुई पंक्तियाँ

जिस रास्ते पर चलने से तुम्हें डर लगता है, वही रास्ता तुम्हारी असली मंजिल की ओर जाता है।
जो जलता नहीं है, वह प्रकाश नहीं दे सकता; प्रेम में जलना ही असली जीवन है।
अपने विचारों को शुद्ध रखो, क्योंकि विचार ही तुम्हारी दुनिया का निर्माण करते हैं।
अपने विचारों से ऊपर उठो, वहाँ कोई डर, कोई लालच और कोई सीमा नहीं है।
धैर्य संकटों की चाबी है, इसके बिना कोई भी ताला कभी नहीं खुल सकता है।
जीवन का उद्देश्य केवल जीवित रहना नहीं है, बल्कि जागना और खुद को जानना है।
प्रेम ही वह सेतु है जो तुम्हें हर चीज़ से जोड़ता है।

रूमी के बारे में

जलालुद्दीन मुहम्मद रूमी (१२०७–१२७३) तेरहवीं सदी के महान फारसी सूफी कवि और दार्शनिक थे। उनकी कविताएँ प्रेम, अध्यात्म और मानवता का संदेश देती हैं, जो आज भी पूरी दुनिया में लोकप्रिय हैं। पूरा परिचय और सभी विचार: रूमी — लेखक कोश।

विज्ञापन · Advertisement
शेयर:FacebookTelegram

ये भी पढ़ें

awaraalfaz
लेखकawaraalfaz

वाह वाह यार की संपादकीय टीम हिंदी में शिक्षा, पैसा-फाइनेंस, बिज़नेस, सरकारी योजनाओं और जीवन से जुड़ी जाँची-परखी जानकारी लिखती है। हर लेख आधिकारिक स्रोतों से मिलाकर और आसान भाषा में तैयार किया जाता है।

प्रकाशित: 17 October 2026 · अपडेट: 17 October 2026 · हमारे बारे में · संपर्क

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *